बुर्का पहने शख्स द्वारा बच्चे को अगवा करने का स्क्रिप्टेड वीडियो असली घटना समझकर शेयर


व्हाट्सऐप पर एक बच्चे के कथित अपहरण का वीडियो वायरल हो रहा है. वीडियो में बुर्का पहने एक व्यक्ति को बेतहाशा भागते हुए देखा जा सकता है, वहीं कार में बैठे दो लोग उसका पीछा करते हुए पूछते हैं कि वो क्या छुपा रही है और क्या उसे कार में लिफ्ट चाहिए. महिला का पीछा करते हुए कार में बैठे एक व्यक्ति ने इस पूरी घटना को रिकॉर्ड कर लिया. साथ ही बुर्का पहन के दौड़ रहे व्यक्ति के बुर्का के नीचे एक बच्चे का पैर भी दिखाई दे रहा है. इससे अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि बच्चे को अगवा किया जा रहा था.

वीडियो के अंत में वो दोनों कथित अगवा करने वाले व्यक्ति को पकड़ लेते हैं और फिर उन्हें पता चलता है कि वो एक आदमी था जिसने बुर्का पहन रखा था. उस आदमी ने बच्चे को चॉकलेट देने का वादा करके साथ आने का लालच दिया था और उसे चुप रहने को कहा था. कथित आरोपी इस बातचीत के बीच कई बार भागने की कोशिश करता है. इसी बीच एक महिला स्कूटर पर आती है और सड़क पर खड़े लोगों को देखती है. वो महिला उस बच्चे की बायोलॉजिकल मां होने का दावा करते हुए तुरंत बच्चे को पहचान लेती है. बुर्का-पहने कथित आरोपी को बुर्का हटाने के लिए कहा जाता है, जिसके बाद उस बच्चे की मां और शख्स जिसने कथित अपहरणकर्ता को पकड़ा था उसके साथ हाथापाई करने लग जाते हैं.

ट्विटर यूज़र @jayasri10964921 ने दो मिनट का ये वीडियो शेयर किया है.

एक अन्य यूज़र @SanniMathur2 ने भी यही वीडियो ट्विटर पर शेयर किया.

इस दावे की सच्चाई जानने के लिए ऑल्ट न्यूज़ के व्हाट्सज़ेप नंबर (76000 11160) पर कई रिक्वेस्ट मिलीं. इस वीडियो पर ‘कई बार फॉरवर्ड’ का लेबल है.


अपहरण के कोशिश की तीन मिनट लंबी वीडियो क्लिप यूट्यूब पर भी मौजूद है. जो लोग इस वीडियो क्लिप को देखना चाहते हैं, वो इस लिंक पर क्लिक करके देख सकते हैं.

वीडियो वेरिफ़िकेशन

तीन मिनट के वीडियो के अलावा पांच मिनट लंबी वीडियो क्लिप भी व्हाट्सऐप पर वायरल है.


पूरा वीडियो देखने पर हमने नोटिस किया कि पांच मिनट की क्लिप में 40 सेकेंड पर दो सेकंड से भी कम समय के लिए एक डिस्क्लेमर दिखता है. इसके बाद, वीडियो में कोई दूसरा डिस्क्लेमर दिखाई नहीं देता. डिस्क्लेमर के शुरुआती वाक्य में लिखा है, “इस वीडियो के कंटेंट को सिर्फ मनोरंजन के मकसद से बनाया गया है.” वीडियो के कम रिज़ॉल्यूशन की वजह से बाकी डिस्क्लेमर को पढ़ा नहीं जा सकता है.

पाठकों को ध्यान देना चाहिए कि तीन मिनट का वीडियो जो व्हाट्सऐप पर वायरल है, उसमें कोई डिस्क्लेमर नहीं है. इस छोटे वीडियो क्लिप में लंबे वीडियो के पहले 54 सेकंड के फ़ुटेज गायब हैं.


पहले भी हमने ऐसे कई वीडियो को वेरीफ़ाई किया है जिन्हें जागरूकता फ़ैलाने के लिए बनाया गया था. ऑल्ट न्यूज़ ने जुलाई के दूसरे सप्ताह में इसी तरह की स्क्रिप्ट वाले एक वीडियो की पड़ताल की थी. उस वीडियो में एक महिला, एक गूंगी-बहरी महिला के बच्चे को अगवा करने की कोशिश करती है लेकिन दो लोग उसे पकड़ लेते हैं. इस वीडियो में स्क्रीन पर एक सेकंड के लिए एक डिस्क्लेमर भी दिखाया गया था.

जून में ऑल्ट न्यूज़ ने एक रिपोर्ट में बताया था कि सोशल मीडिया पर वेरीफ़ाईड एकाउंट्स से भी स्क्रिप्टेड वीडियो शेयर किए जा रहे हैं. इस आर्टिकल में इन वीडियो में दिखने वाले “डिस्क्लेमर” की भूमिका के बारे में भी बताया गया था जो कि आधे-अधूरे होते हैं. और बहुत ही कम समय के लिए दिखाए जाते हैं. ये ध्यान देने वाली बात है कि इस तरह के डिस्क्लेमर सिर्फ अंग्रेज़ी में लिखे गए हैं, उन लोगों को ध्यान में नहीं रखा गया है जो अंग्रेज़ी नहीं जानते हैं.

कुल मिलाकर, जागरूकता फ़ैलाने के मकसद से बनाया गया दो वीडियो व्हाट्सऐप पर वायरल है. वीडियो में बुर्का पहने एक व्यक्ति ने बच्चे का अगवा करने का नाटक किया है. लंबे वीडियो में एक डिस्क्लेमर दिखाया गया है, जिससे ये साबित होता है कि वीडियो नाटकीय है. हालांकि, वीडियो का रिज़ॉल्यूशन कम होने की वजह से पूरे डिस्क्लेमर को पढ़ना मुश्किल है.

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